Friday, February 27, 2026
Home Blog

Goa Club Fire Case: गोवा क्लब फायर केस में बड़ा एक्शन, पुलिस ने 13 आरोपियों के खिलाफ दाखिल की चार्जशीट, सुरक्षा नियमों की अनदेखी आई सामने

Goa Club Fire Case: गोवा के अंजुना इलाके में चर्चित Birch by Romeo Lane क्लब आग कांड मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 13 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी है. इस दर्दनाक हादसे में 25 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि कई पर्यटक और स्टाफ गंभीर रूप से घायल हुए थे. अंजुना पुलिस स्टेशन में 7 दिसंबर 2025 को सुबह 9:36 बजे केस दर्ज किया गया. शिकायत पुलिस उपनिरीक्षक नवनीत गोलतेकर ने दर्ज कराई थी. शिकायत के मुताबिक 6 दिसंबर 2025 की रात करीब 11:45 बजे अर्पोरा, बारदेज, गोवा स्थित Birch by Romeo Lane क्लब में फायर शो आयोजित किया गया था.

SC की सख्ती के बाद NCERT का बड़ा फैसला, कक्षा 8 की किताब से हटाया विवादित चैप्टर, 2.25 लाख किताबें वापस लेने की तैयारी

आरोप और सुरक्षा खामियां

दरअसल आरोप है कि बिर्च बाय रोमियो लेन नाइटक्लबप्रबंधन ने बिना पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम, बिना फायर सेफ्टी उपकरण और बिना ज़रूरी लाइसेंस के यह कार्यक्रम कराया. फायर शो के दौरान आग बेकाबू हो गई और देखते ही देखते पूरा क्लब चपेट में आ गया. जांच में सामने आया कि ग्राउंड फ्लोर और डेक फ्लोर पर कोई इमरजेंसी एग्जिट तक नहीं था, जिससे लोग बाहर नहीं निकल पाए और भगदड़ जैसी स्थिति बन गई. ये मामला भारतीय न्याय संहिता 2023 की कई धाराओं के तहत दर्ज किया गया, जिनमें गैर-इरादतन हत्या, लापरवाही से मौत, खतरनाक कृत्य और अन्य गंभीर अपराध शामिल हैं. बाद में जांच के दौरान और भी धाराएं जोड़ी गईं.

आरोपी: मालिक, प्रबंधन, पंचायत अधिकारी और इवेंट कंपनी
मुख्य आरोपी (क्लब के मालिक/पार्टनर):

1. अजय गुप्ता – गुरुग्राम निवासी, दिल्ली से गिरफ्तार, न्यायिक हिरासत में.
2. गौरव लुथरा – दिल्ली निवासी, थाईलैंड के फुकेट से हिरासत में लेकर भारत लाया गया, फिलहाल न्यायिक हिरासत में.
3. सौरभ लुथरा – दिल्ली निवासी, फुकेट से पकड़े गए, न्यायिक हिरासत में.

ये तीनों Being GS Hospitality Goa Arpora LLP के पार्टनर और क्लब के मालिक हैं.

क्लब प्रबंधन से जुड़े आरोपी:

4. राजीव मोडक – कॉरपोरेट जनरल मैनेजर
5. विवेक सिंह – जनरल मैनेजर
6. विजय कुमार सिंह – ऑपरेशन मैनेजर
7. प्रियंशु ठाकुर – गेट मैनेजर
8. राजवीर सिंघानिया – बार मैनेजर

इन सभी पर आरोप है कि इन्होंने सुरक्षा नियमों की अनदेखी की.
स्थानीय पंचायत अधिकारी

9. रोशन रेडकर – उस समय अर्पोरा नागोआ पंचायत के सरपंच
10. रघुवीर बागकर – पंचायत सचिव

दोनों पर आरोप है कि बिना वैध अनुमति क्लब को संचालन की इजाजत दी गई.

इवेंट कंपनी के जिम्मेदार लोग

11. मयूर कोलवलकर – K-Dance Events Private Limited के डायरेक्टर
12. मोहम्मद अफीफ अब्दुलसब बातेरी – उसी कंपनी के जनरल मैनेजर

इन पर फायर शो आयोजित करने की जिम्मेदारी थी.

संपत्ति मालिक (फरार):

13. सुरिंदर कुमार खोसला – 78 साल के ब्रिटिश नागरिक, संपत्ति के मालिक. इनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट और ब्लू कॉर्नर नोटिस जारी किया गया है, लेकिन वे अभी भी फरार हैं.

DGCA ने अजित पवार विमान हादसे के बाद लिया बड़ा कदम, VSR वेंचर्स के 4 विमानों की उड़ान पर रोक

जांच और गवाह

आपको बता दें कि पुलिस ने इस मामले में 305 गवाहों के बयान दर्ज किए हैं. कई तकनीकी रिपोर्ट, फायर विभाग की रिपोर्ट और दस्तावेजी सबूत भी चार्जशीट के साथ अदालत में पेश किए गए हैं.

SC की सख्ती के बाद NCERT का बड़ा फैसला, कक्षा 8 की किताब से हटाया विवादित चैप्टर, 2.25 लाख किताबें वापस लेने की तैयारी

नई दिल्ली: कक्षा 8 की सोशल साइंस की नई पाठ्यपुस्तक में न्यायपालिका में भ्रष्टाचार से जुड़े संदर्भों को लेकर उठे विवाद के बाद राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) ने माफी मांगते हुए किताब के वितरण पर “सख्त रोक” लगा दी है. शिक्षा मंत्रालय से जुड़े सूत्रों के अनुसार, छपी 2.25 लाख प्रतियों में से केवल 38 प्रतियां ही बिक पाईं, जबकि 2,24,962 प्रतियां स्टॉक में रह गईं, जिन्हें अब वापस गोदाम में मंगाया जा चुका है. NCERT बिक चुकी 38 प्रतियों को भी वापस हासिल करने की कोशिश कर रही है.

DGCA ने अजित पवार विमान हादसे के बाद लिया बड़ा कदम, VSR वेंचर्स के 4 विमानों की उड़ान पर रोक

विवाद का क्या है कारण?

विवादित किताब ‘Exploring Society: India and Beyond, Vol II’ में अध्याय 4 – The Role of Judiciary in Our Society  में न्यायपालिका के समक्ष मौजूद चुनौतियों के तौर पर विभिन्न स्तरों पर भ्रष्टाचार, मामलों की भारी लंबित संख्या और जजों की कमी जैसे मुद्दों का उल्लेख किया गया था. इसमें लंबित मामलों के आंकड़े और एक पूर्व प्रधान न्यायाधीश के कथन का हवाला भी शामिल था, जिस पर तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली.

NCERT ने मांगी माफी

NCERT ने अपने आधिकारिक बयान में कहा कि किताब मौजूदा प्रक्रियाओं के तहत प्रकाशित की गई थी, लेकिन वितरण के बाद यह पाया गया कि अध्याय में कुछ “अनुचित सामग्री और निर्णय संबंधी त्रुटियां” रह गई हैं. परिषद ने इसे अनजाने में हुई गलती बताते हुए औपचारिक रूप से माफी मांगी और कहा कि न्यायपालिका के सम्मान पर आंच पहुंचाने का कोई इरादा नहीं था.

SpiceJet Flight Emergency Landing: बाल-बाल बचे 150 यात्री! स्पाइसजेट फ्लाइट SG121 का इंजन फेल, जानिए क्या था कारण

कपिल सिब्बल और अभिषेक मनु सिंघवी ने सुप्रीम कोर्ट में उठाया मामला

मामला तब और गंभीर हो गया जब वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल और अभिषेक मनु सिंघवी ने इस मुद्दे को सुप्रीम कोर्ट के समक्ष उठाया. इसके बाद प्रधान न्यायाधीश सूर्य कांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने इस पर स्वत: संज्ञान लिया और इसे “गंभीर चिंता का विषय” बताया. कोर्ट ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि वह किसी को भी न्यायपालिका की छवि धूमिल करने की अनुमति नहीं देगा.

NCERT ने दोहराया कि वह न्यायपालिका को संविधान का संरक्षक और मौलिक अधिकारों का रक्षक मानती है तथा नई पाठ्यपुस्तकों का उद्देश्य छात्रों में संवैधानिक समझ और संस्थागत सम्मान को मजबूत करना है, न कि किसी संवैधानिक संस्था की छवि को नुकसान पहुंचाना.

DGCA ने अजित पवार विमान हादसे के बाद लिया बड़ा कदम, VSR वेंचर्स के 4 विमानों की उड़ान पर रोक

नई दिल्ली: महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम अजित पवार के विमान हादसे मामले में विमानन नियामक नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) ने बड़ी कार्रवाई की है. DGCA ने सुरक्षा मानकों में गंभीर चूक पाए जाने पर वीएसआर वेंचर्स पर एक्शन हुआ है और कंपनी के चार लियरजेट विमानों को तत्काल प्रभाव से ग्राउंड कर दिया गया है. ऑडिट में एयरवर्दीनेस और मेंटेनेंस प्रक्रियाओं में भारी गड़बड़ी मिलने के बाद विमानों की उड़ानों पर रोक लगा दी गई है. NCP शरद पवार गुट के विधायक अजित पवार के भतीजे रोहित पवार ने इस पूरे मामले को लेकर कई गंभीर सवाल उठाए.

SpiceJet Flight Emergency Landing: बाल-बाल बचे 150 यात्री! स्पाइसजेट फ्लाइट SG121 का इंजन फेल, जानिए क्या था कारण

वीएसआर वेंचर्स के 4 विमानों की उड़ान पर रोक

जानकारी के अनुसार, DGCA ने मेसर्स वीएसआर वेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड के लियरजेट 45 विमान (VT-SSK) का विशेष सुरक्षा ऑडिट कराने का आदेश दिया. ऑडिट टीम को जांच के दौरान सुरक्षा मानकों और रखरखाव में गंभीर कमियां मिलीं. इसके बाद VT-VRA, VT-VRS, VT-VRV, और VT-TRI पंजीकरण वाले लियरजेट विमानों के संचालन पर तत्काल रोक लगा दी गई है. DGCA ने यह फैसला यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए लिया गया है. ऑडिट टीम ने पाया कि कंपनी उड़ान संचालन और एयरवर्दीनेस के निर्धारित नियमों का पालन नहीं कर रही थी. अब ये विमान तब तक उड़ान नहीं भर सकेंगे जब तक कंपनी डीजीसीए के सुरक्षा मानकों को पूरी तरह बहाल नहीं करेगी. कंपनी को रूट कॉज एनालिसिस भी जमा करनी होगी.

IAF Tejas fighter jet crash : तेजस विमान का ब्रेक फेल, रनवे से बाहर निकला; IAF ने सभी 30 विमानों को ग्राउंड कर दिया

रोहित पवार ने उठाए थे गंभीर सवाल

बता दें कि अजित पवार विमान क्रैश मामले में एनसीपी विधायक रोहित पवार ने गंभीर सवाल उठाए थे. उन्होंने इस हादसे को महज एक दुर्घटना मानने से इनकार करते हुए इसे साजिश तक करार दिया था. उन्होंने वीएसआर वेंचर्स पर भी सवाल उठाए. उन्होंने दावा किया कि नियमों को ताक में रखकर विमान में एक्स्ट्रा ईंधन रखा गया था. उन्होंने सवाल किया कि जब रास्ते में ईंधन भरा जा सकता था, तो टैंक को पूरी तरह क्यों भरा गया? इसके अलावा रोहित ने विमान ऑपरेटर वीएसआर वेंचर्स और नागरिक उड्डयन मंत्री के बीच कथित संबंधों का हवाला देते हुए मंत्री के इस्तीफे की मांग की.

SpiceJet Flight Emergency Landing: बाल-बाल बचे 150 यात्री! स्पाइसजेट फ्लाइट SG121 का इंजन फेल, जानिए क्या था कारण

SpiceJet Flight Emergency Landing : 150 यात्रियों को लेकर जा रही स्पाइसजेट की फ्लाइट की दिल्ली एयरपोर्ट पर इमरजेंसी लैंडिंग हुई है। बताया जा रहा है कि इंजन फेल होने की वजह से दिल्ली से लेह जा रही फ्लाइट को टेकऑफ के तुरंत बाद वापस लौटना पड़ा। फ्लाइट SG121 दिल्ली के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट से निकली थी, जब क्रू को एक इंजन में तकनीकी दिक्कत का पता चला। सावधानी के तौर पर, पायलटों ने विमान को वापस दिल्ली ले जाने का फैसला किया।

IAF Tejas fighter jet crash : तेजस विमान का ब्रेक फेल, रनवे से बाहर निकला; IAF ने सभी 30 विमानों को ग्राउंड कर दिया

दिल्ली एयरपोर्ट पर इमरजेंसी घोषित

दिल्ली एयरपोर्ट पर इमरजेंसी घोषित कर दी गई थी ताकि लैंडिंग को प्राथमिकता दी जा सके और मेडिकल और फायर सर्विस की उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके। स्पाइसजेट ने अभी तक इंजन फेल होने के कारण पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। मेंटेनेंस टीम द्वारा एयरक्राफ्ट का इंस्पेक्शन किए जाने की उम्मीद है।

Special Intensive Revision : 9 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में मतदाता सूची में 1.70 करोड़ नाम हटाए गए, गुजरात में सबसे ज्यादा कटौती

चतरा में एयर एंबुलेंस क्रैश, 7 की मौत

उधर, सोमवार को रांची से दिल्ली आ रही एयर एंबुलेंस चतरा में हादसे का शिकार हो गई। विमान ने शाम 7 बजकर 11 मिनट पर रांची एयरपोर्ट से उड़ान भरी थी जिसे रात साढ़े 8 बजे दिल्ली पहुंचना था। लेकिन उड़ान के 23 मिनट बाद 7 बजकर 34 मिनट पर प्लेन का संपर्क ATC से टूट गया और फिर विमान हादसे का शिकार हो गया। ये हादसा चतरा जिले के सिमरिया ब्लॉक के पास हुआ। इस हादसे में 7 लोगों की मौत हो गई। मंगलवार को रेस्क्यू टीम ने सभी 7 मृतकों के शव बरामद किए।

IAF Tejas fighter jet crash : तेजस विमान का ब्रेक फेल, रनवे से बाहर निकला; IAF ने सभी 30 विमानों को ग्राउंड कर दिया

IAF Tejas fighter jet crash : भारतीय वायु सेना(आईएएफ) का एक स्वदेशी लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट तेजस इस माह की शुरुआत में एक अग्रिम एयरबेस पर रनवे से आगे निकल गया था। इससे एयरफ्रेम को काफी नुकसान हुआ था। सूत्रों ने बताया कि हादसा ब्रेक फेल होने की वजह से हुआ था। फाइटर जेट के पायलट ने सुरक्षित रूप से इजेक्ट कर लिया था। विमान एक प्रशिक्षण उड़ान के बाद एयरबेस पर लौट रहा था। हालांकि, सात फरवरी को हुई इस घटना पर वायु सेना की ओर से कोई आधिकारिक बयान अभी नहीं आया है।

Special Intensive Revision : 9 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में मतदाता सूची में 1.70 करोड़ नाम हटाए गए, गुजरात में सबसे ज्यादा कटौती

पूरे बेडे़ के उड़ान भरने पर लगाई रोक

घटना के बाद तेजस जेट्स के पूरे बेड़े को तकनीकी जांच के लिए ग्राउंड कर दिया गया है, यानी इनके उड़ान भरने पर एहतियातन रोक लगा दी गई है। बता दें कि वायु सेना के पास सिंगल-सीटर करीब 30 तेजस विमान हैं। तेजस एक सिंगल-इंजन, बहुउद्देश्यीय फाइटर एयरक्राफ्ट है। यह अत्यधिक खतरे वाले हवाई क्षेत्रों में भी बड़ी सुगमता से काम करने में सक्षम है।

हालिया दुर्घटना ऐसे समय हुई है जब तेजस निर्माता हिंदुस्तान एरोनाटिक्स लिमिटेड (एचएएल) ने वायु सेना को तेजस मार्क 1ए वेरिएंट की आपूर्ति के लिए कई निर्धारित डेडलाइन पार कर ली हैं। फरवरी 2021 में रक्षा मंत्रालय ने वायु सेना के लिए 83 तेजस एमके-1ए जेट्स की खरीद के लिए एचएएल के साथ 48,000 करोड़ रुपये का सौदा किया था।

सुरक्षा एजेंसियों ने चेताया: लाल किला और देश के बड़े मंदिरों पर आतंकियों का निशाना, हाई अलर्ट जारी

तेजस मार्क 1ए वेरिएंट की डिलीवरी में देरी

जेट्स की डिलीवरी में देरी मुख्य रूप से जीई एयरोस्पेस द्वारा दिए जाने वाले एरो इंजन की आपूर्ति में देरी के कारण हो रही है। पिछले साल सितंबर 2025 में रक्षा मंत्रालय ने एचएएल के साथ आईएएफ के लिए 97 तेजस एमके-1ए हल्के लड़ाकू विमानों की खरीद के लिए 62,370 करोड़ रुपये का एक और सौदा किया था।

यह तेजस जेट्स से संबंधित तीसरी दुर्घटना है। पहली दुर्घटना मार्च 2024 में हुई थी, जब एक तेजस जेट जैसलमेर के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। दूसरी घटना नवंबर 2025 में हुई थी, जब दुबई एयरशो के दौरान एक तेजस जेट हवाई प्रदर्शन के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हो गया था।

Special Intensive Revision : 9 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में मतदाता सूची में 1.70 करोड़ नाम हटाए गए, गुजरात में सबसे ज्यादा कटौती

Special Intensive Revision : भारतीय निर्वाचन आयोग (EC) की ओर से चलाए गए विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान के तहत मतदाता सूचियों में बड़े पैमाने पर बदलाव दर्ज किए गए हैं। शनिवार को जारी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, 9 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन के बाद मतदाताओं की कुल संख्या में 1.70 करोड़ से अधिक की कमी आई है। पिछले साल 27 अक्टूबर को जब SIR प्रक्रिया शुरू हुई थी, तब इन राज्यों में कुल 21.45 करोड़ पंजीकृत मतदाता थे। अंतिम सूची प्रकाशित होने के बाद यह संख्या घटकर 19.75 करोड़ रह गई है। इस सूची में गुजरात, मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़, केरल, गोवा, पुडुचेरी, लक्षद्वीप, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह शामिल हैं।

सुरक्षा एजेंसियों ने चेताया: लाल किला और देश के बड़े मंदिरों पर आतंकियों का निशाना, हाई अलर्ट जारी

गुजरात में कितने नाम हटाए गए?

आंकड़ों के मुताबिक, गुजरात में सबसे अधिक शुद्ध कटौती देखी गई। यहां कुल 68,12,711 मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं। यहां कुल 68,12,711 मतदाताओं के नाम हटाए गए, जिससे राज्य में मतदाताओं की कुल संख्या 5,08,43,436 से घटकर 4,40,30,725 रह गई है, जो कि 13.40% की गिरावट है।

इसके बाद मध्य प्रदेश में भी भारी कमी देखी गई, जहां 34,25,078 मतदाताओं के नाम सूची से बाहर हुए हैं। यहां मतदाताओं की संख्या 5.74 करोड़ से घटकर अब 5.39 करोड़ रह गई है। इसी तरह, राजस्थान में मतदाताओं की संख्या में 31.36 लाख और छत्तीसगढ़ में लगभग 24.99 लाख की कमी आई है। केरल में 8,97,211 और गोवा में 1,27,468 मतदाताओं के नाम कम हुए हैं।

केंद्र शासित प्रदेशों के आंकड़े?

केंद्र शासित प्रदेशों की बात करें तो अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 52,364, पुडुचेरी में 77,367 और लक्षद्वीप में 206 मतदाताओं के नाम काटे गए हैं। निर्वाचन अधिकारियों का कहना है कि यह ‘नेट चेंज’ उन अपात्र मतदाताओं को दर्शाता है, जिन्हें सूची से हटाया गया है, जिसमें नए जुड़ने वाले पात्र मतदाताओं की संख्या को भी समायोजित किया गया है।

बिलासपुर में छ.ग. श्रमजीवी पत्रकार कल्याण संघ की बड़ी बैठक, प्रदेशभर के पत्रकार करेंगे शिरकत

12 राज्यों में चल रही SIR प्रक्रिया

निर्वाचन आयोग की यह मुहिम अभी थमी नहीं है। वर्तमान में यह प्रक्रिया 12 राज्यों में संचालित की जा रही है, जिनमें से उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु के SIR आंकड़े इसी महीने के अंत तक जारी किए जाने की संभावना है। आयोग ने शेष राज्यों के मुख्य निर्वाचन अधिकारियों को भी तैयारी शुरू करने के निर्देश दिए हैं। राष्ट्रव्यापी मतदाता सूची सत्यापन अभियान के हिस्से के रूप में, SIR प्रक्रिया का अगला चरण इसी वर्ष अप्रैल में शुरू होने वाला है। हालांकि, आयोग ने यह भी आश्वासन दिया है कि मतदाता सूची अपडेशन एक निरंतर प्रक्रिया है और पात्र नागरिक अभी भी सुधार या नाम जोड़ने के लिए आवेदन कर सकते हैं।

सुरक्षा एजेंसियों ने चेताया: लाल किला और देश के बड़े मंदिरों पर आतंकियों का निशाना, हाई अलर्ट जारी

नई दिल्‍ली: लाल किला और देश के बड़े मंदिर आतंकियों के निशाने पर हैं. सुरक्षा एजेंसियों ने अलर्ट जारी कर बताया है कि दिल्ली में लाल किले के सामने बम धमाका करने की साजिश आतंकी रच रहे हैं. इसके साथ ही चांदनी चौक स्थित मंदिर को भी आतंकी निशाना बना सकते हैं. एजेंसियों का कहना है कि लश्कर-ए-तैयबा IED हमले की साजिश रच रहा है. दरअसल, 6 फरवरी को पाकिस्तान के इस्लामाबाद के मस्जिद में हुए ब्लास्ट का बदला लेने के लिए लश्कर भारत में बड़ी आतंकी वारदात के फिराक में है. ऐसे में भारत के बड़े मंदिर लश्कर-ए-तैयबा के निशाने पर हैं.

बिलासपुर में छ.ग. श्रमजीवी पत्रकार कल्याण संघ की बड़ी बैठक, प्रदेशभर के पत्रकार करेंगे शिरकत

लाल किले के सामने हुए धमाके में मारे गए थे कई लोग

लाल किले के सामने पिछले साल नवंबर महीने में ही एक बड़ा बम धमाका हुआ था. विस्‍फोटक से भरी एक कार को आत्‍मघाती हमलावर ने ब्‍लास्‍ट कर दिया था. इस हमले में काफी लोगों की जान चली गई थी. अब फिर लाल किले के पास धमाके का अलर्ट है. ऐसे में सुरक्षा व्‍यवस्‍था को और कड़ा कर दिया गया है. लाल किले के पास हाल में हुए कार बम धमाके के बाद पकड़े गए ‘सफेदपोश’ आतंकी मॉड्यूल की जांच में सामने आया है कि इस साजिश का मास्टरमाइंड डॉ. उमर-उन-नबी एक दूसरे आत्मघाती हमलावर की भर्ती करने की कोशिश कर रहा था. हालांकि, वह इसमें सफल नहीं हो सका, क्योंकि संबंधित व्यक्ति ने सेब की पैदावार के मौसम में अपने परिवार की मदद करने की जरूरत का हवाला देते हुए इस आतंकी साजिश से पीछे हटने का फैसला कर लिया.

श्रीनगर पुलिस और राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) ने नबी द्वारा संचालित एक समानांतर आतंकी मॉड्यूल का पर्दाफाश किया है. नबी वही व्यक्ति था जो 10 नवंबर को ऐतिहासिक लाल किले के पास विस्फोटकों से लदी गाड़ी चला रहा था. इस विस्फोट में 12 से अधिक लोगों की मौत हो गई थी. गिरफ्तार किए गए संदिग्धों से पूछताछ के दौरान डॉक्टर से आतंकी बने व्यक्ति द्वारा अपनाई गई भर्ती की रणनीतियों का खुलासा हुआ है. इन्हीं जानकारियों के आधार पर एनआईए ने शोपियां निवासी यासिर अहमद डार को गिरफ्तार किया.

Election Commission SIR: सभी तैयार रहें! चुनाव आयोग का बड़ा ऐलान – 22 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में होगा SIR लागू, यहां देखें लिस्ट

पाकिस्‍तान में हुए धमाके में मारे गए थे 31 लोग

पाकिस्तान की राजधानी के बाहरी इलाके में स्थित एक शिया मस्जिद में पिछले दिनों हुए घातक आत्मघाती हमले में 31 लोग मारे गए थे. इस हमले की जिम्‍मेदारी इस्‍लामिक स्‍टेट से जुड़े एक संगठन ने ली है. पाक पुलिस अधिकारियों ने बताया कि उन्होंने हमलावर, उसके सहयोगियों की पहचान कर ली है और हमले के मास्टरमाइंड को गिरफ्तार कर लिया है. इधर, भारतीय विदेश मंत्रालय के बयान में मस्जिद हमले की निंदा करते हुए मासूम नागरिकों की मौत पर संवेदना व्यक्त की, लेकिन साथ ही पाकिस्तान द्वारा लगाए गए किसी भी तरह के भारतीय संबंध के आरोपों को पूरी तरह खारिज किया. MEA ने कहा, ‘यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि पाकिस्तान अपने सामाजिक ढांचे को अंदर से खोखला करने वाली समस्याओं से निपटने की बजाय दूसरों को दोष देकर खुद को भ्रमित करता है.’

बिलासपुर में छ.ग. श्रमजीवी पत्रकार कल्याण संघ की बड़ी बैठक, प्रदेशभर के पत्रकार करेंगे शिरकत

बिलासपुर : छ.ग. श्रमजीवी पत्रकार कल्याण संघ की प्रदेश कार्यकारिणी समिति और समस्त सदस्य साथियों की आमसभा, बैठक एवं निर्वाचन 22 फरवरी 2026 (रविवार) को दोपहर 12 बजे नामदेव भवन, नूतन चौक सरकंडा, बिलासपुर में आयोजित की जाएगी।

Election Commission SIR: सभी तैयार रहें! चुनाव आयोग का बड़ा ऐलान – 22 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में होगा SIR लागू, यहां देखें लिस्ट

बैठक में प्रदेश अध्यक्ष सहित प्रदेश पदाधिकारियों और कार्यकारिणी सदस्यों का निर्वाचन या सर्वसम्मति से चयन किया जाएगा। इसके अलावा संगठन की भावी रणनीति, पत्रकार हितों की सुरक्षा और आगामी कार्यक्रमों पर विस्तृत चर्चा होगी। सदस्य साथियों के सुझाव आमंत्रित किए जाएंगे, ताकि संगठन को और मजबूत बनाया जा सके।

इस कार्यक्रम में भिलाई से भी पत्रकारों का दल पत्रकार बैठक में भाग लेने बिलासपुर पहुंचेंगे। प्रदेश महासचिव शशांक दुबे ने सभी सम्मानित सदस्यों से समय पर उपस्थित होकर संगठन की मजबूती में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की है। पत्रकार समुदाय में इस बैठक को लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है, और इसे संगठन को और अधिक सक्रिय और संगठित बनाने के लिए महत्वपूर्ण बताया जा रहा है।

Shivaji Maharaj Jayanti: शिवाजी महाराज जयंती पर भीड़ हुई बेकाबू, भगदड़ में कई श्रद्धालु घायल

 

Election Commission SIR: सभी तैयार रहें! चुनाव आयोग का बड़ा ऐलान – 22 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में होगा SIR लागू, यहां देखें लिस्ट

Election Commission SIR: भारत के चुनाव आयोग की ओर देश के विभिन्न राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों जैसे बिहार, यूपी, तमिलनाडु, बंगाल आदि में वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया कराई गई है। बता दें कि SIR का उद्देश्य ये सुनिश्चित करना है कि सभी पात्र नागरिकों के नाम मतदाता सूची में शामिल हों और वे अपने वोट के अधिकार का उपयोग कर सकें। इस बीच अब चुनाव आयोग ने देश के 22 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में विशेष गहन पुनरीक्षण की तैयारी कर ली है। आयोग ने इन राज्यों को SIR से संबंधित तैयारी का काम जल्द से जल्द पूरा करने को कहा है।

Shivaji Maharaj Jayanti: शिवाजी महाराज जयंती पर भीड़ हुई बेकाबू, भगदड़ में कई श्रद्धालु घायल

चुनाव आयोग ने क्या कहा?

भारत निर्वाचन आयोग ने विशेष गहन संशोधन (SIR) के लिए बचे हुए राज्यों से कहा हैं कि वो तैयारी शुरू कर दे। आयोग ने अधिकारियों को अप्रैल 2026 से शुरू होने वाले SIR के लिए तैयारी करने का निर्देश दिया है। इस विशेष गहन संशोधन के तहत, मतदाता सूची का संशोधन किया जाएगा और नए मतदाताओं को पंजीकृत किया जाएगा। आयोग ने इसके लिए एक विस्तृत कार्यक्रम भी तैयार किया है, जिसमें मतदाता सूची का ड्राफ्ट प्रकाशन, दावे और आपत्तियां प्राप्त करना, और मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन शामिल हैं।

इन प्रदेशों में होगा SIR

भारतीय निर्वाचन आयोग की ओर से आगामी अप्रैल महीने में आंध्र प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, चंडीगढ़, दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, जम्मू और कश्मीर, झारखंड, कर्नाटक, लद्दाख, महाराष्ट्र, मणिपुर, मेघालय, मिजोरम, नगालैंड, दिल्ली, ओडिशा, पंजाब, सिक्किम, त्रिपुरा, तेलंगाना और उत्तराखंड में वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण कराए जाने की संभावना है।

Rajya Sabha Election 2026: महाराष्ट्र, बंगाल, बिहार और हरियाणा सहित 10 राज्यों में राज्यसभा चुनाव की तारीख का ऐलान, जानें कब होगी वोटिंग

बीते साल जून में आया था SIR का आदेश

इन 22 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR की प्रक्रिया के पूरा होने के बाद भारत के सभी राज्य और केंद्र शासित प्रदेश SIR के दायरे में आ जाएंगे। चुनाव आयोग ने बताया है कि पूरे भारत में वोटर लिस्ट के SIR का आदेश बीते साल जून महीने में दिया गया था। आपको बता दें कि बिहार में एसआईआर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और 9 राज्यों और 3 केंद्र शासित प्रदेशों में प्रक्रिया अभी जारी है। वहीं, असम में SIR के बजाय ‘विशेष पुनरीक्षण’ कराया गया है जो कि 10 फरवरी को पूरा हो गया था।

Shivaji Maharaj Jayanti: शिवाजी महाराज जयंती पर भीड़ हुई बेकाबू, भगदड़ में कई श्रद्धालु घायल

Shivaji Maharaj Jayanti: पुणे के जुन्नर तालुका में स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज के जन्मस्थान शिवनेरी किला पर शिवजयंती के मौके पर इस साल भारी भीड़ उमड़ पड़ी. राज्य के अलग-अलग हिस्सों से शिवज्योत लेकर आए युवा, विभिन्न संगठनों के कार्यकर्ता और दर्शन के लिए पहुंचे श्रद्धालुओं के कारण किला परिसर रात से ही खचाखच भरा हुआ था.

Rajya Sabha Election 2026: महाराष्ट्र, बंगाल, बिहार और हरियाणा सहित 10 राज्यों में राज्यसभा चुनाव की तारीख का ऐलान, जानें कब होगी वोटिंग

प्रशासन की व्यवस्था पर उठे सवाल

लेकिन बढ़ती भीड़ को संभालने के लिए पर्याप्त पुलिस बंदोबस्त नहीं होने से कुछ समय के लिए हालात तनावपूर्ण हो गए. अंबरखाना के नीचे स्थित हाथी दरवाजा इलाके और गणेश दरवाजा जैसे संकरे रास्तों पर अचानक बहुत ज्यादा भीड़ जमा हो गई. रास्ते पहले से ही संकरे थे और एक साथ बड़ी संख्या में लोग आगे बढ़ने लगे, जिससे भगदड़ जैसी स्थिति बन गई.

इस दौरान कुछ महिलाएं और छोटे बच्चे गिर पड़े और कई लोग हल्के तौर पर घायल हो गए. घायलों को तुरंत जुन्नर के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है. राहत की बात यह है कि इस घटना में किसी की जान नहीं गई है.

भारत में खेती हो रही जहरीली, ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन में टॉप 6 देशों में शामिल; नई स्टडी ने दी चेतावनी

हर साल शिवजयंती पर उमड़ती है भीड़

हालांकि, हर साल शिवजयंती पर यहां बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं, इसके बावजूद भीड़ नियंत्रण को लेकर पर्याप्त तैयारी नहीं होने पर अब प्रशासन के इंतजामों पर सवाल उठ रहे हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि भविष्य में ऐसे बड़े आयोजनों के लिए पहले से ही एंट्री-एग्जिट प्लान, बैरिकेडिंग और पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित की जानी चाहिए, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो.